बुधवार, 5 मई 2021

13 बहाने जो आपको सफल होने से रोकते है




दुनियाँ में ऐसा कौन व्यक्ति है, जो सफल नहीं होना चाहता। सभी लोग सफलता चाहते हैं। पर क्या सभी लोग सफल हो पाते हैं ? इसका जवाब ज्यादातर नहीं होता है।


अक्सर हम अपनी कमजोरियों को छिपाने के लिए या दूसरों को दिखाने के लिए या फिर अपने मन को बहलाने के लिए कुछ न कुछ बहाने बनाते हैं। यही बहाने हमें अपनी मंजिल तक पहुंचने से रोकते रहते हैं। 

तो आखिर ऐसा क्या है जो लोगों को सफलता पाने से रोकता है। क्या वजह है कि लोग आगे नहीं बढ़ पाते ? आज इन्ही बातों पर हम इस लेख में चर्चा करेंगे।



सफल होने से रोकते हैं ये 13 बहाने 


बहाना नं 1 -  यह बहुत मुश्किल काम है - 


कभी कभी हम काम को शुरू किये बिना ही ये मान लेते हैं कि ये काम तो बहुत मुश्किल है। ये काम मुझसे हो ही नहीं सकता। बहाना बनाना छोड़िये और कितना भी मुश्किल काम क्यों न हो बस शुरुवात कीजिये लगन और मेहनत के साथ करते रहिये, एक दिन यही काम आपको आसान लगने लगेगा। हमेशा मुश्किल से मुश्किल काम को कहें कि यह बहुत आसान है, मैं इसे आसानी से कर लूँगा। 
 

बहाना नं 2 - यह काम मुझसे नहीं होगा - 


हर व्यक्ति की अपनी एक क्षमता होती है, उसके अंदर कोई न कोई खास गुण होता है। हर व्यक्ति अपनी क्षमता और गुण के अनुसार काम करता है। इसलिए सबसे पहले यह कहना बंद करें कि यह काम मुझसे नहीं होगा, क्योंकि यही बात आपको आगे नहीं बढ़ने देती। आपको सफलता हासिल करने से रोकती है।   

बहाना नं 3 - मैं इस काम के योग्य नहीं हूं - 


''मैं इस काम के करने योग्य नहीं हूँ।'' यह बात कहने का अर्थ है कि, या तो आप अपनी  योग्यता को बहुत ही काम आंक रहे हैं, या उस क्षेत्र में सफल लोगो की योग्यता को बहुत ज़्यादा आंक रहे हैं। जीवन में सफल होने के लिए कभी भी उच्च शिक्षा , डिग्री/डिप्लोमा ज़रूरी नहीं होती है। सफल होने के लिए जरुरत है अपने अंदर छिपी खूबी या अपने हुनर को पहचानना और पहचानकर उसे निखारना। , अपनी सामर्थ्य पर प्रश्नचिन्ह लगाने वालों में क्या आप भी शामिल है ? स्वयं की क्षमताओं पर अभिमान करना घातक होता है लेकिन अपनी काबिलियत को बिना परखे कम आंकना भी खुद को भारी क्षति पहुंचाने जैसा होता है। दुनिया का हर शख़्स अगर ऐसा सोच ले कि कोई लक्ष्य प्राप्त करना उसकी क्षमता से अधिक है तो आज ना कोई एवेरस्ट फतह कर पाता, ना ही कोई आविष्कार हुआ होता और ना ही कोई अमीर और सफल बन पाया होता।

ये सच है कि अपनी क्षमता के स्तर से बड़े स्तर पर कार्य करने में थोड़ा डर तो लगता ही है क्योंकि ये आपका पहला अनुभव होता है लेकिन अगर इस कार्य को आप सोच-समझकर, पूरी योजना बनाकर विवेक से करेंगे तो आप जरूर सफल होंगे और आपकी क्षमताएं भी बढ़ती जाएंगी, बजाये इसके कि नया कार्य करने से आप कतराते रहें और धीरे धीरे अपनी मूल क्षमताओं को भी खो बैठे। हर इंसान में ये काबिलियत होती है कि वो ऐसा कार्य कर सके जैसा वो करना चाहता है। कोई भी लक्ष्य बड़ा नहीं होता जब आपका हौसला और साहस बड़ा हो। इसलिए अगर आप भी सफल होना चाहते हैं तो आज ही से खुद से कहिये – “मैं ये काम कर सकता हूँ। “

बहाना नं 4 - मेरे पास पर्याप्त धन नहीं है - 


यह भी एक मजेदार बहाना है, जिसे आपने अक्सर लोगों को कहते हुए सुना होगा। देखिये लोग कैसे कहते हैं, “यार मैं अपनी जिंदगी में करना तो बहुत कुछ चाहता हूँ पर मेरे पास पैसा नहीं है। मेरे पास अपना व्यापार करने के लिए एक बहुत अच्छा आइडिया है , लेकिन क्या करुं मेरे पास पैसा ही नहीं है।'' दोस्तों क्या आप जानते हैं आज कुछ लोग जो बहुत बड़े बिजिनेसमैन हैं कभी उनके पास भी पैसा नहीं था, लेकिन उन्होंने एक बड़ा बिजिनेस का साम्राज्य फैलाया है, इसमें धीरु भाई अम्बानी का नाम पहले नंबर पर आता है।  

बहाना नं 5 - मैं बहुत स्मार्ट नहीं हूँ - 


अपने आप को स्मार्ट  न होने पर स्वयं को दोष देना बंद करें, और अपने अंदर छुपी किसी खास कला को पहचानिये और उसे तराश कर अपनी योग्यता बनाइये। सफलता के लिए स्मार्टनेस कोई योग्यता नहीं है। 


बहाना नं 6 - मैं पहले भी कई बार असफल हो चुका हूं - 


एक दो बार या कई बार असफल होने से लोग यह मान लेते हैं कि वे अब कभी भी सफल नहीं हो सकते और आगे प्रयास करना छोड़ देते हैं और किसी भी काम को शुरू करने से पहले यह बहाना बनाते हैं कि, ''मैं कई बार असफल हो चूका हूँ।''  यह बहाना भी लोगो को आगे बढ़ने की कोशिश करने से रोकता है। दोस्तों,अगर आप पहले कभी असफल हुए हैं या कई बार असफल हुए हैं तो कहीं ना कहीं आपकी कोई कमी रह गयी होगी। जरुरत है सकारात्मक होकर अपनी कमियों का पता लगायें और उन कमियों को दूर करके एक बार फिर सकारात्मक होकर पूरी मेहनत, लगन व दृढ निश्चय के साथ दोबारा कोशिश करें। 


बहाना नं 7 - मेरी तो किस्मत ख़राब है - 


जब लोग किसी काम में असफल हो जाते हैं  तो वे अक्सर ही अपनी किस्मत का रोना रोते हैं। क्या आपको लगता है कि आपकी असफलता के पीछे आपकी किस्मत का हाथ है ? मैं ऐसा नहीं मानता, मेरा मानना है कि यह सिर्फ एक बहाना मात्र है। सफल लोग कभी भी भाग्य के भरोसे नहीं बैठते, ना ही स्वयं की ग़लतियों के लिए भाग्य को दोष देते हैं।  सफल लोग निरंतर प्रयास करते हैं और अपने हर प्रयास का मूल्यांकन करते हैं। अपनी ग़लतियों को पहचान कर उन्हें सुधारते हैं, और फिर प्रयास में जुट जाते हैं। क्या कभी आपने ऐसा कोई इंसान देखा है जो भाग्य के भरोसे बैठे रहकर बिना कुछ किये सफल  हो गया हो? ऐसा नहीं होता है, सफलता पाने के लिए एक्शन लेना पड़ता है, कार्यवाई करनी पड़ती है।  

तो दोस्तों किस्मत का रोना बंद कीजिये और पूरी लगन, निष्ठा, मेहनत  व दृढ संकल्प के साथ अपने सपनो को हासिल करने के लिए कार्यवाई करिये, सफलता आपके कदम चूमेगी।  

बहाना नं 8 - मेरे पास समय नहीं है  - 


यह एक ऐसा बहाना है जिसे आपने अक्सर लोगों के मुँह से सुना होगा। अगर आप भी ऐसा ही सोचते हैं तो समझ लीजिये आप अपनी सफलता के राह में खुद ही रोड़े अटका रहे हैं। दुनियां में जो लोग सफल हुए हैं उनके पास दिन के 24 घंटे होते हैं और असफल लोगों के पास भी उतना ही समय होता है। दरअसल आपको अपनी अव्यवस्थित दिनचर्या के कारण हमेशा समय का अभाव महसूस होता है। जरुरत है अपनी दिनचर्या का विश्लेषण करके अनावश्यक कार्यों को अपनी दिनचर्या से हटाना और सार्थक तथा उत्पादक कार्यों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना। 


बहाना नं 9 - मेरी उम्र यह करने लायक नहीं है -


लोग सबसे ज्यादा बहाना उम्र के बारे में करते हैं। आपने अक्सर लोगों को यह कहते हुए सुना होगा कि अभी तो मेरी उम्र हो गयी अब मैं क्या कर सकता हूँ या अभी तो मेरी उम्र ही कितनी हुई है। दोस्तों उम्र का सफलता से कोई लेना देना नहीं है। उम्र आपकी सफलता में तभी बाधा बनती है जब आप खुद ऐसा सोचते हैँ। याद रखिये आपकी सोच ही आपकी सफलता तय करती है। उम्र कभी भी आपके सपने को पूरे करने में अड़चन नहीं डालती है। या आपको सफल होने से नहीं रोकती है। बस अपने काम करने के तरीके को और अपने सोचने के नज़रिये को सकारात्मक रखिये। कभी भी यह मत सोचो कि अब तो उम्र निकल चुकी है, अगर और पहले शुरु किया होता तो ठीक रहता। समय कभी भी नहीं निकलता, आपने यह तो सुना ही होगा कि, ''जब जागो तभी सबेरा।'' दोस्तों अपनी वर्तमान उम्र के बारे में हमेशा सकारात्मक रहिये। सफलता किसी भी उम्र में हासिल की जा सकती है। आप विश्व प्रसिध्द केँटुकी फ्राइड चिकन के मालिक के बारे में जानते हैं उन्होंने अपना रेस्टोरेंट का व्यवसाय 60 वर्ष की उम्र में शुरु किया और सफलता पायी। दूसरी तरफ सुहास गोपीनाथ जी ने 15 वर्ष की उम्र में ही अपनी कंपनी खोली और सफलता पायी। 


बहाना नं 10 - मेरा परिवार मुझे सपोर्ट नहीं करता - 


ज़्यादातर लोग यह बहाना बनाते हैं कि, ''मुझे मेरे परिवार या दोस्तों का सहयोग नहीं मिलता है, इसलिए मैं कुछ नहीं कर पाता। कोई कहता है कि इस काम को करने के लिए मेरा परिवार राज़ी नहीं होगा या मेरे पिता नहीं मानेंगे। लेकिन यह सिर्फ आपकी सोच है कि कोई आपको सहयोग नहीं करेगा।

दोस्तों आपका परिवार, आपके दोस्त आपकी ख़ुशी चाहते हैं, आपकी तरक्की चाहते हैं। वे आपकी बात जरुर मानेंगे और आपको सहयोग भी करेंगे। जरुरत है आपको अपने सपने के बारे में उन्हें बताने की, सपनों को हासिल करने पर आपको मिलने वाली ख़ुशी के बारे में बताने की। आपकी पूरी कार्ययोजना और तैयारी के बारे में उनके साथ चर्चा करें, आपको जरुर सहयोग मिलेगा। अगर फिर भी आपका परिवार आपके दोस्त आपकी बात नहीं समझ पाते हैं और आपको सहयोग नहीं करते हैं, और आपको लगता है कि आप अपने सपनों को हासिल करने में समर्थ हैं तो आप सबकी बातों को नजरअंदाज करते हुए पूरे लगन और जोश के साथ लग जाइये। किसी का इंतजार मत करिये। क्योंकि सपना आपका है। 


बहाना नं 11 - मैं इसे किसी और दिन कर लूंगा - 


आपने ज्यादातर लोगों को यह कहते हुए सुना होगा कि, ''जाने दीजिये यह काम मैं आज नहीं कल कर लूंगा।'' दोस्तों इस बहाने से ही लोग या तो काम की शुरुवात ही नहीं कर पाते हैं या अगर शुरु भी कर लिया तो समय पर पूरा नहीं कर पाते हैं। कभी - कभी तो ऐसा भी होता है कि काम को बीच में ही छोड़ देते हैं। इसलिए अगर सफल होना है तो काम को टालिए नहीं बल्कि आज ही अभी से शुरु कर दीजिये। 


बहाना नं 12 - लोग क्या कहेंगे  - 


असफलता का यह एक सबसे बड़ा कारण है, “सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगे लोग ?” हम में से ज्यादातर लोग सिर्फ इसी डर के कारण किसी काम को हाथ नहीं लगाते हैं। 

अगर आपके मन में भी ऐसा ही डर है तो इस डर को अपने दिमाग से निकाल दीजिये। क्योंकि किसी के पास इतनी फुर्सत नहीं है वह आपके बारे में सोचे। दूसरी बात आप सबको खुश नहीं कर सकते। ध्यान रखिये आपके काम का कुछ लोग विरोध करेंगे तो कुछ लोग आपके समर्थन में भी रहेंगे। 

बहाना नं 13 - यह काम बहुत जोखिम भरा है - 


आपका यह कहना कि यह काम बहुत जोखिमभरा है, आपको सफल होने से रोकता है। जिंदगी में हर समय हर जगह जोखिम उठाना पड़ता है। बिना जोखिम उठाए किसी भी काम को नहीं किया जा सकता है। जोखिम के उचित प्रबंधन से नुकसान की संभावना को कम किया जा सकता है।  दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं की संभाव्यता अथवा प्रभाव को न्यूनतम करना, परखना और नियंत्रित करना ही सफलता पाने का औजार है। आज के समय में किसी भी कार्य में सफलता बिना जोखिम उठाए नहीं मिलती। चाहे वह कोई व्यवसाय हो या कुछ अन्य काम। यदि व्यक्ति जोखिम उठाने से डरेगा तो वह जीवन के किसी भी  क्षेत्र में सफल नहीं हो सकता। यदि हमें जीवन को सफल बनाना है तो जोखिम उठाना ही पडे़गा। जोखिम प्रबंधन का अर्थ है जोखिम की पहचान करना तथा उसका मूल्यांकन करना ताकि भविष्य में घटने वाली घटनाओं को न्यूनतम किया जा सके या रोका जा सके।

तो दोस्तों, ये कुछ बहाने हैं जो अक्सर ही लोग बनाते हैं,  जिसकी वजह से वे अपने सपनो को साकार नहीं कर पाते। दोस्तों किसी काम को शुरू करने से पहले  बहाने न बनायें। बल्कि पूरी तैयारी के साथ काम की शुरुवात करें।  उस काम से संबंधित सम्पूर्ण जानकारी जुटायें और ठोस योजना बनायें। उसके बाद पूरी तैयारी, लगन, मेहनत, और दृढ विश्वास के साथ सकारात्मक होकर अपने कार्य की शुरुआत करें और तब तक लगे रहें जब तक कि आप अपने लक्ष्य को प्राप्त ना कर लें, अपने सपने को हकीकत में ना बदल लें।